मिलिए महाराज दुष्यंत से- निर्दयी और कठोर, इनकी दृष्टि में दया दुर्बलता है। यह भय और दंड से शासन करते हैं। इनके निर्णय तीव्र और निष्ठुर होते हैं, जहाँ न्याय से अधिक शक्ति का प्रदर्शन होता है। प्रजा इनके नाम मात्र से काँपती है, और इनका हृदय करुणा से शून्य प्रतीत होता है।
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shama gupta
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Sakshi Shriwastav
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Shristi Kumari
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Sheel
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Aardhna Ranjan
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Bhavisha Soni
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Seema 03666
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